उधमपुर में 410 ड्रॉपआउट बच्चों की पहचान, शिक्षा के अधिकार पर जोर
Udhampur News: उधमपुर में 410 ड्रॉपआउट बच्चों की पहचान, आर्थिक तंगी और पारिवारिक कारण प्रमुख
Amar Ujala
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उधमपुर जिले में बैक टू स्कूल अभियान के तहत 410 बच्चों की पहचान की गई है, जिन्होंने विभिन्न कारणों से स्कूल छोड़ दिया था। इनमें 198 लड़कियां और 212 लड़के शामिल हैं। शिक्षा विभाग अब इन बच्चों को फिर से स्कूल लाने के लिए अभिभावकों के साथ संवाद कर रहा है।
- 01उधमपुर में 410 ड्रॉपआउट बच्चों की पहचान की गई है।
- 02पंचैरी और चिनैनी क्षेत्रों में ड्रॉपआउट की समस्या सबसे अधिक है।
- 03198 लड़कियां और 212 लड़के स्कूल छोड़ चुके हैं।
- 04आर्थिक तंगी और घरेलू समस्याएं पढ़ाई छोड़ने के मुख्य कारण हैं।
- 05शिक्षा विभाग अभिभावकों के साथ संवाद कर बच्चों को स्कूल लाने का प्रयास कर रहा है।
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उधमपुर जिले में बैक टू स्कूल अभियान के तहत 410 बच्चों की पहचान की गई है, जिन्होंने विभिन्न कारणों से स्कूल जाना छोड़ दिया था। इनमें 198 लड़कियां और 212 लड़के शामिल हैं। सर्वे में पाया गया कि पंचैरी और चिनैनी क्षेत्रों में ड्रॉपआउट की समस्या सबसे अधिक है, जहां क्रमशः 152 और 87 बच्चों की पहचान हुई है। शिक्षा विभाग की टीमें अब इन दुर्गम क्षेत्रों में घर-घर जाकर अभिभावकों और बच्चों की काउंसलिंग कर रही हैं। जिला नोडल अधिकारी राकेश सिंह के अनुसार, आर्थिक तंगी और घरेलू समस्याएं पढ़ाई छोड़ने के प्रमुख कारण हैं। विभाग का लक्ष्य है कि 14 वर्ष तक का कोई भी बच्चा शिक्षा के अधिकार से वंचित न रहे।
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यह अभियान बच्चों को शिक्षा के अधिकार से जोड़ने का प्रयास कर रहा है, जिससे भविष्य में उनकी शिक्षा और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
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