लेबनान में इजरायल के हमले के पीछे पाकिस्तान की भूमिका पर सवाल
लेबनान लहूलुहान, क्योंकि बीच में था पाकिस्तान? शरीफ के रोल पर क्यों सवाल उठा रहे अमेरिका-ईरान
Ndtv
Image: Ndtv
लेबनान पर इजरायल के हालिया हमले में लगभग 200 लोगों की मौत हुई है। इस हमले के बाद पाकिस्तान की मध्यस्थता पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि ईरान और अमेरिका के बीच सीजफायर में लेबनान को शामिल नहीं किया गया था। शहबाज शरीफ की भूमिका पर भी चर्चा हो रही है।
- 01इजरायल के हमले में लगभग 200 लोग मारे गए।
- 02पाकिस्तान की मध्यस्थता पर सवाल उठ रहे हैं।
- 03ईरान ने सीजफायर में लेबनान को शामिल नहीं किया।
- 04शहबाज शरीफ की भूमिका पर संदेह है।
- 05हिज्बुल्लाह की स्थिति कमजोर हो रही है।
Advertisement
In-Article Ad
मंगलवार को ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच सीजफायर की सूचना आई, जिसके बाद पाकिस्तान को मध्यस्थता का श्रेय दिया गया। लेकिन बुधवार रात इजरायल ने लेबनान पर हमला कर दिया, जिसमें लगभग 200 लोग मारे गए। हिज्बुल्लाह ने इजरायल के हमलों की निंदा की है, लेकिन वह ईरान पर निर्भर है। ईरान ने सीजफायर की शर्तों में लेबनान को शामिल नहीं किया, जिससे हिज्बुल्लाह की स्थिति कमजोर हो गई है। पाकिस्तान की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं कि क्या उसने जानबूझकर ईरान को गलत जानकारी दी। शहबाज शरीफ, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री, की भूमिका पर भी संदेह है, क्योंकि उनके ट्वीट में गड़बड़ी पाई गई। ट्रंप ने भी स्पष्ट किया है कि लेबनान सीजफायर का हिस्सा नहीं था। अब सवाल यह है कि क्या शहबाज ने जानबूझकर ईरान से झूठ बोला?
Advertisement
In-Article Ad
लेबनान की नागरिकों पर इजरायल के हमले का सीधा प्रभाव है, जिससे वहां की सुरक्षा स्थिति और मानवीय संकट बढ़ सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या पाकिस्तान को मध्यस्थता में और अधिक भूमिका निभानी चाहिए?
Connecting to poll...
More about हिज्बुल्लाह
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।

-1775735122459.webp)



