कानपुर में सहायक अध्यापिका ने फर्जी मेडिकल प्रमाण पत्र पेश किया, कार्रवाई के निर्देश
Kanpur News: वेतन के लिए फर्जी मेडिकल प्रमाण पत्र लेकर पहुंची सहायक अध्यापिका, कार्रवाई के निर्देश
Amar Ujala
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कानपुर के शिवराजपुर क्षेत्र में एक सहायक अध्यापिका उपासना ने वेतन बहाली के लिए फर्जी मेडिकल प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने मामले की जांच के बाद कार्रवाई के निर्देश दिए, क्योंकि प्रमाण पत्र की तिथि पर डॉक्टर शहर में मौजूद नहीं थे।
- 01सहायक अध्यापिका उपासना ने वेतन बहाली के लिए फर्जी मेडिकल प्रमाण पत्र पेश किया।
- 02जिलाधिकारी ने प्रमाण पत्र में ओवरराइटिंग देख संदेह किया।
- 03जांच में पता चला कि डॉक्टर उस तारीख को शहर में नहीं थे।
- 04जिलाधिकारी ने बीएसए को कार्रवाई के निर्देश दिए।
- 05यह मामला शिक्षा विभाग में फर्जीवाड़े को उजागर करता है।
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कानपुर के शिवराजपुर क्षेत्र के संविलियन विद्यालय भटपुरा में तैनात सहायक अध्यापिका उपासना 18 जनवरी को बूथ दिवस पर अनुपस्थित पाई गईं, जिसके बाद उनका वेतन रोक दिया गया था। वे सोमवार को जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह के जनता दर्शन में गईं और बेटी की बीमारी का हवाला देते हुए एक मेडिकल प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया। हालांकि, जिलाधिकारी ने प्रमाण पत्र में ओवरराइटिंग देखी, जिससे उन्हें संदेह हुआ। जांच में यह सामने आया कि जिस तारीख को प्रमाण पत्र जारी किया गया, उस दिन संबंधित डॉक्टर शहर में मौजूद नहीं थे। इस पर जिलाधिकारी ने सहायक अध्यापिका के खिलाफ आरोप पत्र जारी कर कार्रवाई के निर्देश बेसिक शिक्षा विभाग को दिए। यह घटना शिक्षा विभाग में फर्जीवाड़े को उजागर करती है और संबंधित अधिकारियों की सतर्कता को दर्शाती है।
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इस मामले से शिक्षा विभाग में फर्जीवाड़े के मामलों के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने में मदद मिलेगी।
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