टाटानगर में ट्रेनों की लेटलतीफी से यात्रियों में बढ़ी नाराजगी
टाटानगर में ट्रेनों का 'टाइम टेबल' फेल: जनशताब्दी 14 घंटे तो साउथ बिहार 5 घंटे लेट
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टाटानगर, झारखंड में चक्रधरपुर रेल मंडल के अंतर्गत रविवार को 14 प्रमुख ट्रेनों में से कई 5 से 15 घंटे तक लेट रहीं, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। रेलवे प्रशासन की प्राथमिकता मालगाड़ियों को दी जा रही है, जिससे यात्री ट्रेनों की गति प्रभावित हो रही है।
- 0114 प्रमुख ट्रेनों में से कई 5 से 15 घंटे लेट रहीं।
- 02यात्री ट्रेनों की गति में कमी का कारण मालगाड़ियों को प्राथमिकता देना है।
- 03यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है, खासकर बच्चों और बुजुर्गों को।
- 04रेल प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
- 05वंदे भारत जैसी हाईस्पीड ट्रेनों के प्रचार के बावजूद सामान्य ट्रेनों की स्थिति खराब है।
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चक्रधरपुर रेल मंडल के अंतर्गत टाटानगर, झारखंड में रविवार को 14 प्रमुख ट्रेनों की लेटलतीफी ने यात्रियों को परेशान कर दिया। 12021 हावड़ा-बड़बिल जनशताब्दी एक्सप्रेस 14 घंटे 15 मिनट की देरी से चली, जबकि 13287 साउथ बिहार एक्सप्रेस 5 घंटे 41 मिनट लेट रही। यात्रियों का आरोप है कि रेलवे प्रशासन ने मालगाड़ियों को प्राथमिकता देकर यात्री ट्रेनों की गति को प्रभावित किया है। इस विलंब के कारण यात्रियों को स्टेशन पर लंबा इंतजार करना पड़ रहा है, खासकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह स्थिति अत्यंत कठिनाई भरी है। चक्रधरपुर मंडल के डीआरएम ने हाल ही में सुधार के आश्वासन दिए थे, लेकिन जमीनी हकीकत इसके विपरीत है। इस समस्या ने रेल प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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ट्रेनें लेट होने से यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है, जिससे उनकी यात्रा में कठिनाई आ रही है।
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