जमशेदपुर में ईस्टर का पर्व: मसीही समाज ने मनाया उत्सव
जमशेदपुर में ईस्टर की धूम:‘जी उठा है प्रभु यीशु’ के जयघोष से गूंजे चर्च, मसीही समाज में जश्न
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जमशेदपुर, झारखंड में ईस्टर का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। चर्चों में विशेष प्रार्थना सभाओं से लेकर कब्रिस्तानों में श्रद्धांजलि अर्पित करने तक, मसीही समाज ने जीवन और आशा का संदेश फैलाया। इस अवसर पर भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द का भी प्रदर्शन किया गया।
- 01ईस्टर का पर्व जमशेदपुर में भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया।
- 02चर्चों में विशेष प्रार्थना सभाएं आयोजित की गईं।
- 03कब्रिस्तानों में दिवंगतों की याद में श्रद्धांजलि दी गई।
- 04सांप्रदायिक सौहार्द और भाईचारे का संदेश फैलाया गया।
- 05धर्मगुरुओं ने सत्य और विश्वास की जीत का संदेश दिया।
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जमशेदपुर, झारखंड में रविवार को प्रभु यीशु के पुनरुत्थान का पर्व ईस्टर श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। शहर के विभिन्न चर्चों में विशेष प्रार्थना सभाएं आयोजित की गईं, जहां श्रद्धालुओं ने 'हैलेलूया' के स्वर में प्रभु की महिमा का गुणगान किया। कब्रिस्तानों में भी श्रद्धांजलि अर्पित करने का सिलसिला चलता रहा, जहां मसीही समाज के हजारों लोग अपने दिवंगत परिजनों को याद करते हुए मोमबत्तियां जलाए और फूलों से सजाए। इस अवसर पर भाईचारे का संदेश फैलाने के लिए लोग एक-दूसरे के घर जाकर ईस्टर की बधाई देने और मिठाइयां बांटने लगे। धर्मगुरुओं ने इस पर्व के माध्यम से जीवन में सत्य और विश्वास की जीत का संदेश दिया। देर रात तक मसीही परिवारों में मिलन समारोह और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होता रहा, जिससे पूरे शहर में खुशियों का माहौल बना रहा।
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ईस्टर के पर्व ने जमशेदपुर में मसीही समाज को एकजुट किया और भाईचारे का संदेश फैलाया।
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