पाकिस्तान ने ईरान के खिलाफ सऊदी अरब का समर्थन किया
'जंग आगे बढ़ी तो हम सऊदी के साथ...', पंच की भूमिका निभा रहा PAK अब ईरान पर बिफरा
Aaj Tak
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पाकिस्तान ने ईरान द्वारा सऊदी अरब के ऊर्जा केंद्रों पर किए गए हमलों की निंदा की है और कहा है कि वह सऊदी अरब का समर्थन करेगा यदि संघर्ष बढ़ता है। पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल युद्ध को समाप्त करने के लिए मध्यस्थता कर रहे हैं।
- 01पाकिस्तान ने ईरान के हमलों की निंदा की और सऊदी अरब का समर्थन करने का आश्वासन दिया।
- 02ईरान के हमलों को क्षेत्रीय शांति के लिए खतरा बताया गया।
- 03पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की मिलकर मध्यस्थता कर रहे हैं।
- 04सऊदी अरब में हमलों के बाद सुरक्षा अलर्ट जारी किया गया।
- 05पाकिस्तान के प्रयासों को ईरान के खिलाफ युद्ध समाप्त करने में महत्वपूर्ण बताया गया।
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पाकिस्तान ने ईरान द्वारा सऊदी अरब के ऊर्जा केंद्रों पर किए गए मिसाइल और ड्रोन हमलों की कड़ी निंदा की है। पाकिस्तान के विदेश कार्यालय ने इन हमलों को सऊदी अरब की संप्रभुता का उल्लंघन और क्षेत्रीय शांति के लिए खतरा बताया। पाकिस्तान ने यह भी कहा कि यदि संघर्ष बढ़ता है, तो वह सऊदी अरब का समर्थन करेगा। इस बीच, सऊदी अरब के औद्योगिक क्षेत्र जुबैल में हमलों के कारण एक पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स को निशाना बनाया गया, जिससे आग लग गई। बहरीन, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात ने सुरक्षा अलर्ट जारी किया है। पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की ईरान के खिलाफ चल रहे अमेरिका-इजरायल युद्ध को समाप्त करने के लिए मध्यस्थता कर रहे हैं, और पाकिस्तान के प्रयासों को इस दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
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सऊदी अरब में सुरक्षा अलर्ट और हमलों के कारण क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है, जो स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है।
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