राजस्थान में सैन्य क्षेत्रों की जासूसी: पाकिस्तानी हैंडलर्स के हाथ में सौर कैमरे
पाकिस्तानी हैंडलर्स के हाथ में थी 'कमांड', राजस्थान में सैन्य क्षेत्रों में लगे सोलर कैमरों से हो रही थी लाइव जासूसी
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राजस्थान के अलवर और बीकानेर में सैन्य क्षेत्रों की जासूसी के लिए सौर ऊर्जा संचालित सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे, जिन्हें पाकिस्तानी हैंडलर्स द्वारा ऑपरेट किया जा रहा था। दिल्ली पुलिस ने इन कैमरों को हटाया और एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है।
- 01राजस्थान में अलवर और बीकानेर के सैन्य क्षेत्रों की जासूसी का मामला सामने आया है।
- 02सौर ऊर्जा संचालित सीसीटीवी कैमरे पाकिस्तानी हैंडलर्स द्वारा ऑपरेट किए जा रहे थे।
- 03कैमरों का लाइव फुटेज पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आइएसआइ को भेजा जा रहा था।
- 04दिल्ली पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया और अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है।
- 05जासूसी नेटवर्क आइएसआइ और प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा से जुड़ा हो सकता है।
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राजस्थान के अलवर और बीकानेर में सैन्य क्षेत्रों की जासूसी के लिए सौर ऊर्जा संचालित सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे, जिन्हें पाकिस्तानी हैंडलर्स द्वारा ऑपरेट किया जा रहा था। ये कैमरे सेना की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे और उनका लाइव फुटेज पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आइएसआइ को भेजा जा रहा था। दिल्ली पुलिस की विशेष शाखा ने इन कैमरों को हटाया और एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है। इसके अलावा, दिल्ली और पंजाब में ऐसे मामलों में 11 आरोपितों को गिरफ्तार किया गया था। सुरक्षा एजेंसियों के सूत्रों के अनुसार, यह जासूसी नेटवर्क आइएसआइ और प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा से जुड़ा हो सकता है। हालांकि, इस मामले में कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया है।
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इस जासूसी मामले से स्थानीय सुरक्षा को खतरा हो सकता है और सैन्य गतिविधियों की गोपनीयता प्रभावित हो सकती है।
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